खन्ना/लुधियाना, 22 अप्रैल
दिनेश मौदगिल
जिला खन्ना में नशों के खिलाफ चल रही मुहिम को और तेज करते हुए एसएसपी डॉ. दर्पण आहलूवालिया ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। “युद्ध नशों विरुद्ध” मुहिम के तहत उन्होंने आज सिविल अस्पताल समराला में नशा छुड़ाओ केंद्र का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने मरीजों से बातचीत कर उन्हें नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया।

इस मौके पर एसएसपी ने एसएमओ समराला और स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारियों के साथ एक विशेष बैठक की। बैठक में नशे के खात्मे के लिए प्रभावी रणनीतियों और पुलिस व स्वास्थ्य विभाग के बीच तालमेल मजबूत करने पर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि नशों के खिलाफ लड़ाई सिर्फ कानूनी कार्रवाई से नहीं जीती जा सकती, बल्कि इलाज और जागरूकता भी बहुत जरूरी है।एसएसपी डॉ. दर्पण आहलूवालिया ने कहा कि खन्ना पुलिस नशों की सप्लाई चेन को तोड़ने के लिए लगातार कार्रवाई कर रही है और साथ ही नशा छुड़ाओ केंद्रों के माध्यम से मरीजों को दोबारा समाज से जोड़ने की कोशिश भी की जा रही है।

उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे से बचाना सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर एक संयुक्त योजना के तहत काम करने की बात कही, ताकि नशे की समस्या को जड़ से खत्म किया जा सके। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने भी भरोसा दिलाया कि वे इस मुहिम में पूरा सहयोग देंगे और नशा छुड़ाओ सेवाओं को और बेहतर बनाया जाएगा।
अंत में एसएसपी ने लोगों से अपील की कि वे नशों के खिलाफ इस जंग में पुलिस का साथ दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।इस दौरान मानसिक रोग विशेषज्ञ डॉ. नवनीत कौर ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि नशा एक मानसिक और शारीरिक बीमारी है, जिसका इलाज संभव है अगर मरीज को सही समय पर सही मदद मिले। उन्होंने बताया कि नशा छोड़ने वाले व्यक्तियों को केवल दवा ही नहीं, बल्कि काउंसलिंग और पारिवारिक सहयोग की भी जरूरत होती है।
डॉ. नवनीत कौर ने आगे कहा कि समाज को नशे के आदी लोगों को तिरस्कार नहीं करना चाहिए, बल्कि उनकी मदद करनी चाहिए ताकि वे फिर से सामान्य जीवन जी सकें। उन्होंने “युद्ध नशों विरुद्ध” मुहिम की सराहना करते हुए कहा कि सभी को इस अभियान में सहयोग देना चाहिए।